- उज्जैन में दिव्यांग दंपती ने मांगी सुरक्षा, बोले- FIR के बाद भी आरोपी बेखौफ घूम रहे; कलेक्टर जनसुनवाई में लगाई न्याय की गुहार
- इंस्टाग्राम पर दोस्ती के बहाने उज्जैन में हनीट्रैप, युवक का अपहरण कर अश्लील वीडियो से करोड़ों जैसी वसूली की कोशिश, 10 आरोपी गिरफ्तार
- नागदा के सरकारी कॉलेजों के छात्रों ने परिणाम पर उठाए सवाल, 47 विद्यार्थियों को कम अंक और सप्लीमेंट्री मिलने पर विश्वविद्यालय में किया प्रदर्शन
- दिल्ली छात्र प्रदर्शन के समर्थन में उज्जैन में विरोध प्रदर्शन: कैंडल मार्च के साथ 25 जुलाई को बड़े मार्च की तैयारी
- 'रक्तांचल-3' की स्टारकास्ट ने महाकाल मंदिर में किए दर्शन, भस्म आरती में शामिल होकर लिया बाबा का आशीर्वाद
हाई-प्रोफाइल अपहरण कांड से नीमच में हड़कंप! तहसीलदार और पटवारी ने सीईओ का किया अपहरण, दो जिलों की पुलिस ने बचाया; 13 पर मामला दर्ज
उज्जैन लाइव, उज्जैन, श्रुति घुरैया:
मध्य प्रदेश के नीमच जिले में एक हाई-प्रोफाइल अपहरण कांड ने पुलिस महकमे को हिलाकर रख दिया। जावद जनपद पंचायत के सीईओ आकाश धारवे का अपहरण किया गया, जिससे पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। अपहरण की सूचना मिलते ही नीमच पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू की और कुछ घंटों के भीतर ही अपराधियों को दबोच लिया।
दरअसल, गुरुवार सुबह नीमच शहर के ऑफिसर्स कॉलोनी से आकाश धारवे का अपहरण किया गया। 7-8 अपराधियों ने उन्हें जबरन ले जाया। इस घटना की जानकारी उनके भाई ने पुलिस को दी। जैसे ही अपहरण की सूचना मिली, नीमच कैंट थाना पुलिस ने हाथ-पांव फैलाने शुरू किए और नागदा पुलिस को अलर्ट किया। पुलिस का पीछा करते हुए, नागदा में संदिग्ध वाहन को रोका गया, और सीईओ को सकुशल बचा लिया गया। अपहरणकर्ताओं को तुरंत गिरफ्तार कर लिया गया और उन्हें नीमच लाया जा रहा है। घटना का एक वीडियो सामने आया है। इसमें काले रंग की स्कार्पियो को रोकने के लिए पुलिस सड़क पर खड़ी दिख रही है। जैसे ही गाड़ी पास आती है, सिविल ड्रेस में खड़े पुलिसकर्मी गाड़ी को रोक लेते हैं।
प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि सीईओ आकाश धारवे कुछ वर्षों से एक महिला के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहे थे। बुधवार रात, महिला और उसके परिजन सीईओ के घर पहुंचे और वहां हंगामा किया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मामले को शांत कराया, लेकिन यह विवाद अब एक बड़े कांड का रूप ले लिया।
वहीं, इस मामले में बेटमा तहसीलदार जगदीश रंधावा, 5 पटवारी, एक महिला समेत 13 के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। आरोपियों में तहसीलदार जगदीश सिंह, पटवारी प्रमोद दास, अजय सिंह, अजय उच्छावल, पिंकी सिंह के साथ 8 अज्ञात शामिल हैं। सीईओ धारवे के बयान लेने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस मामले की पूरी गुत्थी पूछताछ के बाद ही सुलझेगी। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अपहरण का कारण लिव-इन विवाद हो सकता है, और इस मामले में जांच पूरी होने के बाद विस्तृत खुलासा होगा।
एडिशनल एसपी नवल सिंह सिसोदिया ने बताया कि सीईओ के भाई की सूचना पर पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की। नागदा पुलिस की मदद से अपहरणकर्ताओं को पकड़ लिया गया और अब उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पूछताछ के बाद मामले की पूरी सच्चाई सामने आ सकती है।